
जौनपुर- सहायक आयुक्त हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग परिक्षेत्र-वाराणसी अरूण कुमार कुरील ने बताया कि उत्तर प्रदेश शासन द्वारा वित्तीय वर्ष 2026-27 में हथकरघा उद्योग को बढ़ावा देने तथा बुनकरों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से “संत कबीर राज्य हथकरघा पुरस्कार योजना” संचालित की जा रही है। योजना के अंतर्गत परिक्षेत्रीय एवं राज्य स्तर पर उत्कृष्ट बुनकरों को सम्मानित किया जाएगा।
परिक्षेत्रीय स्तर पर प्रथम पुरस्कार के रूप में 20 हजार रुपये नकद, शील्ड, प्रमाण-पत्र एवं अंगवस्त्रम, द्वितीय पुरस्कार में 15 हजार रुपये नकद तथा तृतीय पुरस्कार में 10 हजार रुपये नकद के साथ सम्मान प्रदान किया जाएगा।
राज्य स्तरीय पुरस्कार योजना को चार श्रेणियों में विभाजित किया गया है। इसमें साड़ी, ब्राकेड, ड्रेस मैटेरियल, सूती एवं ऊनी दरी, आसनी, बेडशीट, बेडकवर, होम फर्निशिंग, स्टोल, स्कार्फ, गमछा आदि उत्पाद शामिल हैं। राज्य स्तर पर प्रथम पुरस्कार 1 लाख रुपये, द्वितीय पुरस्कार 50 हजार रुपये तथा तृतीय पुरस्कार 25 हजार रुपये नकद के साथ शील्ड, प्रमाण-पत्र एवं अंगवस्त्रम प्रदान किया जाएगा।
योजना के तहत हथकरघा बुनकर, बुनकर सहकारी समितियां एवं स्वयं सहायता समूह अपने उत्कृष्ट एवं कलात्मक उत्पादों के पूर्ण आकार के नमूने प्रस्तुत कर सकते हैं। नमूनों के साथ वार्प, वेफ्ट, रंग, डिजाइन एवं तकनीकी विवरण देना अनिवार्य होगा। विगत तीन वर्षों में पुरस्कृत बुनकर इस योजना के लिए पात्र नहीं होंगे।
पुरस्कार हेतु चयन जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित समिति द्वारा डिजाइन, वीविंग तकनीक, उत्पाद विविधता एवं रंगों के तालमेल के आधार पर किया जाएगा। वाराणसी, मिर्जापुर, चंदौली, सोनभद्र, जौनपुर एवं संत रविदास नगर (भदोही) के इच्छुक बुनकर 18 जून 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के साथ नमूने सहायक आयुक्त, हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग कार्यालय, रथयात्रा, वाराणसी में जमा कराने होंगे।
ऑनलाइन आवेदन की वेबसाइट – www.handloom.upsdc.gov.in


