सांड से टक्कर में हुई मौत के बाद शासन की मदद से मिला सहारा, पीड़ित परिवार को मिली 4 लाख की आर्थिक सहायता
जौनपुर– जनपद जौनपुर के बदलापुर तहसील क्षेत्र के ग्राम छंगापुर निवासी स्व० राजेन्द्र प्रसाद की दर्दनाक मृत्यु के बाद शासन की ओर से उनकी पत्नी श्रीमती मीरा नाविक को आर्थिक सहायता प्रदान की गई है। यह सहायता राज्य आपदा मोचन निधि के अंतर्गत रुपये 4.00 लाख (चार लाख रुपये) की अनुग्रह राशि के रूप में दी गई है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार दिनांक 12 अगस्त 2024 को स्व० राजेन्द्र प्रसाद अपनी पत्नी श्रीमती मीरा नाविक के साथ मोटरसाइकिल से जा रहे थे। इसी दौरान अचानक एक छुट्टा सांड से टक्कर हो जाने के कारण वह गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में उनकी मृत्यु हो गई। इस दुखद घटना से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।

घटना के संबंध में क्षेत्रीय लेखपाल द्वारा रिपोर्ट प्रस्तुत की गई, जिसके आधार पर पीड़ित परिवार को शासन की योजना के तहत सहायता दिलाने की प्रक्रिया शुरू की गई। उक्त प्रकरण माननीय उच्च न्यायालय, इलाहाबाद तक भी पहुंचा।

मा0 उच्च न्यायालय इलाहाबाद के आदेशानुसार जिलाधिकारी डॉ0 दिनेश चंद्र द्वारा नैसर्गिक न्याय के सिद्धांत के अनुपालन में मामले का परीक्षण करते हुए यह पाया गया कि शासनादेश में वर्णित उपबंधों के अनुसार सांड एवं नीलगाय के आघात से हुई मृत्यु राज्य आपदा के अंतर्गत आती है, जिस पर आर्थिक सहायता प्रदान किए जाने का प्रावधान है।
जिलाधिकारी डॉ० दिनेश चंद्र के निर्देश पर आवश्यक अभिलेखों का परीक्षण कर उपजिलाधिकारी बदलापुर और तहसीलदार के माध्यम से कार्यवाही पूर्ण की गई और दिनांक 09 मार्च 2026 को मृतक की विधिक वारिस पत्नी श्रीमती मीरा नायक के खाते में रु0 4.00 लाख की अनुग्रह राशि अंतरित कर दी गई।

जिलाधिकारी डॉ0 दिनेश चंद्र ने कहा कि यह प्रकरण बेहद संवेदनशील होने के साथ ही अन्य प्रकरण से भिन्न था, जिसपर तत्काल संज्ञान लिया गया और माननीय उच्च न्यायालय के आदेशानुसार पीड़ित परिवारजन को सहायता राशि उपलब्ध करा दी गई है।
इस सहायता से पीड़ित परिवार को कठिन समय में कुछ राहत मिलने की उम्मीद है। जिला प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि शासन की योजनाओं के अंतर्गत पात्र लोगों को समय पर सहायता उपलब्ध कराने के लिए हर संभव प्रयास किया जाता रहेगा।
सहायता राशि मिलने पर श्रीमती मीरा नायक द्वारा शासन प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी को धन्यवाद ज्ञापित किया गया।





